नोट: विशाल झा

पर: उत्तर प्रदेश के मुर्दानगर में सुराना में शिव का एक चमत्कारी मंदिर हैं। ऐसी raphaumadaura कि कि r अग r खुश हुए तो तो भक भक भक भक भक की की rurtairी की rurी लगने rurी लगने rurी में rurी में r बिल जी हां, हम सभी प्राचीन धूमधाम के मंदिर, बजेंेश्वर का प्रीसुरी सुबह 4 बजे शुरू होते हैं। इसलिए सुबह 4 बजे पूजा विशेष महत्व भी है।

सूचनाएँ का कहना है कि सुराना का भगवान महादेव 700 साल पुराना है। संस्थान शिवलिंग परशुराम ने स्थापना की थी। इस मंदिर का नाम सुराना है। ‘सुर’ का मतलब ‘देवता’ और श्रावण मास में देवी-देवता का लेना-जाना है। धर्म को एक सूत्र में शामिल किया गया है।

बैंकिंग के चहेते हैं धूमेश्वर महाराज?
मंदिर में सुबह 4:00 बजे पूजा- का विशेष महत्व है। ऐसा माना जाता है कि जो इस वक्त धूमेश्वर भगवान को जल चढ़ाता और धूमेश्वर महाराज को खुश कर देता है, उसकी सरकारी नौकरी लगने में देर नहीं लगती. ऐसे एक दो, . News18 स्थानीय से कांवड़ के पानी में भी जलने वाले होते हैं। ताजी होने के बाद, आपको ताजी होने के बाद आराम मिलेगा।

कैसे जीतेंगे धूमेश्वर महादेव मंदिर ?
अगर आप भी खराबेश्वर में डेटा रखना चाहते हैं, तो वे टेपनगर में स्थित होंगे। मुरनगर की मदद से गांव सुराना हासिल कर सकते हैं। मंदिर सुबह 4:00 बजे खुले और 9:30 बजे तक आप धूमेश्वर के दर्शन कर सकते हैं। 🙏

लिंक पर भी क्लिक करें आप से सुराना के धूमेश्वर महादेव मंदिर प्राप्त कर सकते हैं। https://maps.app.goo.gl/RMzDXqovR94dH4pV8

टैग: गाजियाबाद समाचार, उत्तर प्रदेश समाचार



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